छत्तीसगढ़ के लाखों बिजली उपभोक्ताओं के लिए एक बड़ी खुशखबरी धीरे–धीरे सामने आ रही है क्योंकि अभी तक जिस योजना के तहत 100 यूनिट तक बिजली खर्च करने वाले घरों को हाफ बिल का फायदा मिल रहा था उसे बढ़ाकर 200 यूनिट तक करने की तैयारी शुरू हो गई है और ये बदलाव अगर लागू हो जाता है तो छोटे और मध्यम वर्गीय परिवारों पर जो पिछले महीनों में अचानक बढ़ा हुआ बिजली बिल का बोझ पड़ा था वह काफी हद तक हल्का हो जाएगा क्योंकि अगस्त के बिलों में कई उपभोक्ता सिर्फ इसलिए परेशान हो गए थे कि उनकी खपत 100 यूनिट से थोड़ी ऊपर चली गई थी और पूरा बिल उन्हें देना पड़ रहा था जिसका असर सीधा उनकी जेब और मासिक बजट पर पड़ा था।
सरकार का नया संकेत
दीपावली मिलन समारोह में सीएम विष्णुदेव साय ने साफ कहा है कि सरकार का मकसद जनता पर अतिरिक्त भार डालना नहीं बल्कि उन्हें राहत देना है और इसी वजह से हाफ बिल योजना को 200 यूनिट तक बढ़ाने पर गंभीरता से विचार किया जा रहा है क्योंकि सरकार का मानना है कि आम उपभोक्ताओं की समस्याओं को समझकर ही सही फैसले लिए जा सकते हैं और यही वजह है कि ऊर्जा उपयोग में संतुलन रखते हुए राहत देने का प्रयास शुरू कर दिया गया है जिससे लाखों घरों को एक बार फिर राहत की उम्मीद नजर आ रही है और परिवारों को भरोसा है कि आने वाले दिनों में बड़ा फैसला सामने जरूर आएगा।
कंपनी की तैयारी शुरू
बिजली कंपनी के अधिकारियों ने भी यह स्वीकार किया है कि खपत सीमा का नया आकलन शुरू कर दिया गया है और उम्मीद है कि जल्द ही नई अधिसूचना जारी होगी जिसमें 200 यूनिट तक बिजली खर्च करने वाले उपभोक्ताओं को हाफ बिल का फायदा दिया जाएगा और अगर ऐसा होता है तो राज्य के करीब 60 लाख परिवार इस योजना के दायरे में आ जाएंगे क्योंकि मौजूदा व्यवस्था में सिर्फ कम यूनिट वाले घर ही छूट पा रहे हैं लेकिन नए बदलाव के बाद मध्यम स्तर के घर भी इस राहत योजना का हिस्सा बन जाएंगे जिससे पूरे राज्य में बिजली बिल का दबाव कम होगा और आर्थिक बोझ घटेगा।
ऊर्जा नीति में बड़ा बदलाव
सरकार का फोकस सिर्फ सीमा बढ़ाने पर नहीं बल्कि पूरी व्यवस्था को आसान बनाने पर भी है ताकि लोगों को बार–बार दिक्कत न हो और वे आसानी से इस योजना का लाभ ले सकें क्योंकि ऊर्जा नीति को सामाजिक रूप से ज्यादा समावेशी और उपयोगी बनाना ही इस सुधार का मुख्य उद्देश्य बताया जा रहा है और अगर 200 यूनिट तक हाफ बिल की घोषणा सामने आती है तो यह न सिर्फ उपभोक्ताओं को तात्कालिक राहत देगा बल्कि लंबे समय में बिजली उपयोग और खर्च के बीच एक बेहतर संतुलन भी तैयार करेगा जिससे जनता को राहत और सरकार को स्थिर नीति दोनों मिलेंगी।
उपभोक्ताओं के लिए जरूरी बात
फिलहाल सरकार की तरफ से आधिकारिक अधिसूचना जारी नहीं हुई है इसलिए उपभोक्ताओं को सलाह दी जाती है कि वे आने वाली घोषणाओं पर नजर बनाए रखें और जैसे ही नया नियम लागू हो तुरंत अपने बिजली बिल की जांच करें क्योंकि छूट लागू होते ही बिल में हाफ अमाउंट दिखाई देगा और अगर 200 यूनिट तक की सीमा बढ़ती है तो अब सिर्फ कम खपत वाले नहीं बल्कि मध्यम खपत वाले घर भी इस योजना का फायदा ले सकेंगे जिससे हर महीने हजारों रुपये की सीधी बचत होगी और परिवारों के बजट पर पड़ने वाला बोझ काफी कम हो जाएगा।